उत्तर प्रदेश

थानाध्यक्ष को हनीट्रैप में फंसाकर मजबूर करने वाला गिरोह दबोचा गया

महिला समेत 3 लोग गिरफ्तार

बस्ती। वाल्टरगंज थानाध्यक्ष सूर्य प्रकाश सिंह की आत्महत्या के मामले में बस्ती पुलिस ने सनसनीखेज खुलासा किया है। पुलिस ने हनीट्रैप और ब्लैकमेलिंग के जरिए उन्हें प्रताड़ित करने वाले तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। गिरफ्तार आरोपियों में एक महिला भी शामिल है, जो इस गिरोह की सरगना बताई जा रही है। पुलिस ने आरोपियों के पास से एक बोलेरो कार और तीन मोबाइल फोन भी बरामद किए हैं।
पुलिस अधीक्षक यशवीर सिंह के निर्देश पर अपराध और साइबर अपराध के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत यह कार्रवाई की गई। अपर पुलिस अधीक्षक श्यामाकांत के पर्यवेक्षण और क्षेत्राधिकारी सदर के निर्देशन में प्रभारी निरीक्षक कोतवाली बृजानंद सिंह के नेतृत्व में टीम गठित की गई।
टीम ने 06 सितंबर को सुबह 07:55 बजे सदर अस्पताल के सामने, थाना कोतवाली क्षेत्र से तीनों आरोपियों को बोलेरो संख्या UP51BN 5805 के साथ गिरफ्तार किया।

DIG संजीव त्यागी ने प्रेस कांफ्रेस कर खुलासा करते हुए बताया की पुलिस ने घटना में शामिल प्रियंका चौधरी पत्नी महेन्द्र चौधरी निवासी बावनपार, पैकोलिया, हाल मुकाम – गंधार, वाल्टरगंज, रमयनयन चौधरी पुत्र संपत चौधरी निवासी गंधार, वाल्टरगंज , विजय प्रकाश पुत्र भरतराम निवासी पिपरा काजी, पैकोलिया को गिरफ्तार किया है।
इन सभी के खिलाफ थाना कोतवाली में मुकदमा अपराध संख्या 387/2026 धारा 108, 3(5) BNS के तहत मामला दर्ज है।
29 अगस्त 2026 को थानाध्यक्ष वाल्टरगंज सूर्य प्रकाश सिंह ने बस्ती कलेक्ट्रेट परिसर स्थित सरकारी आवास में आत्म हत्या कर ली थी।

इस संबंध में उनके पुत्र संदीप सिंह निवासी भीलमपुर छपरा, अतरौलिया, आजमगढ़ ने 05 सितंबर को कोतवाली में तहरीर दी थी, जिसके आधार पर मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की गई।
विवेचना और इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों के विश्लेषण में चौंकाने वाले तथ्य सामने आए। पुलिस के अनुसार मुख्य आरोपी प्रियंका चौधरी उम्र 32 वर्ष है, जो पति से 10 साल पहले अलग हो चुकी है और मुंबई में ब्यूटी पार्लर और स्पा सेंटर में काम करती है।

पुलिस के अनुसार आरोपी महिला पैसे वाले लोगों को अपने जाल में फंसाकर वीडियो कॉल के जरिए ब्लैकमेल कर मोटी रकम की मांग करती थी। इस काम में उसके पिता रमयनयन चौधरी और पैकोलिया निवासी वकील विजय प्रकाश उसका साथ देते थे और वसूली में भूमिका निभाते थे।
जांच में पता चला है कि घटना वाले दिन 13:41 बजे अंतिम कॉल विजय प्रकाश द्वारा ही की गई थी। कॉल पैटर्न और संपर्क से इसकी पुष्टि हुई है।

पुलिस जांच में अभी तक इस गिरोह द्वारा 4 लोगों को हनीट्रैप में फंसाकर बड़ी धनराशि वसूलने का मामला सामने आया है –
जिनमे डॉक्टर उमेश निवासी पुरैना, वाल्टरगंज – 4 लाख रुपये, अहमद रजा निवासी जमदाशाही, वाल्टरगंज – 5 लाख रुपये, आर्यन दीक्षित उर्फ जितेन्द्र दीक्षित निवासी जबलपुर, मध्य प्रदेश – 15 लाख रुपये,सूर्य प्रकाश सिंह, पूर्व थानाध्यक्ष वाल्टरगंज के नाम सामने आये है
पुलिस के अनुसार इसके अलावा दर्जनों लोग इस गिरोह के शिकार हुए हैं, जिनके संबंध में अभी जांच चल रही है। करीब दो साल पहले इसी तरह वसूली की गई रकम से आरोपी ने बोलेरो गाड़ी खरीदी थी। आरोपी महिला जिस घर में किराए पर रहती थी, उसके मकान मालिक डॉक्टर उमेश से भी हनीट्रैप कर धन उगाही की गई थी।

पुलिस ने एक बोलेरो गाड़ी नं0 UP51BN 5805, तीन मोबाइल फोन बरामद किया है,
गिरफ्तारी करने वाली टीम प्रभारी निरीक्षक बृजानंद सिंह थाना कोतवाली, SI अजय कुमार यादव चौकी प्रभारी जेलगेट, SI जयविन्द सिंह चौकी प्रभारी रोडवेज, SI शेषनाथ यादव प्रभारी सर्विलांस, हेड कांस्टेबल देवेश, कांस्टेबल किशन सिंह, संतोष कुमार सर्विलांस सेल, स्कन्द यादव, राकेश यादव शामिल रहे।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button