उत्तर प्रदेशउन्नावताजा खबर

22 साल पुरानी सड़क बदहाल, चार फीट गहरे गड्ढों से हादसे का खतरा

ब्यूरो ऋषभ तिवारी

मरौंदा सूचित-सफीपुर मुख्य मार्ग जर्जर, बारिश में गड्ढों में भर जाता है पानी; ग्रामीणों ने तत्काल मरम्मत की उठाई मांग

परियर, उन्नाव। मरौंदा सूचित से सफीपुर जाने वाला मुख्य डामरीकृत मार्ग लंबे समय से बदहाली का शिकार है। करीब 22 वर्ष पहले बनाई गई सड़क अब जगह-जगह टूट चुकी है। ग्रामीणों के मुताबिक करीब आठ वर्ष पहले मार्ग की मरम्मत कराई गई थी, लेकिन इसके बाद नियमित रखरखाव न होने के कारण सड़क की स्थिति लगातार खराब होती चली गई।

मार्ग पर जगह-जगह बड़े-बड़े गड्ढे हो गए हैं। ग्रामीणों का कहना है कि कई स्थानों पर गड्ढों की गहराई करीब चार फीट और चौड़ाई करीब तीन फीट तक पहुंच गई है। बारिश होने के बाद इन गड्ढों में पानी भर जाता है, जिससे वाहन चालकों को उनकी गहराई का अंदाजा नहीं हो पाता। ऐसे में खासकर दोपहिया वाहन चालकों के लिए दुर्घटना का खतरा लगातार बना हुआ है।

गहरे गड्ढे में फंसा ट्रैक्टर-ट्रॉली, हादसा टला

ग्रामीणों के अनुसार हाल ही में सड़क पर बने गहरे गड्ढे के कारण एक लोडेड ट्रैक्टर-ट्रॉली अनियंत्रित होकर पलटने की स्थिति में पहुंच गई। चालक ने समय रहते वाहन पर नियंत्रण कर लिया, जिससे बड़ा हादसा टल गया।

ग्रामीणों का कहना है कि यदि इसी तरह सड़क पर गहरे गड्ढे बने रहे तो किसी भी समय गंभीर दुर्घटना हो सकती है। रात के समय और बारिश के दौरान स्थिति और भी खतरनाक हो जाती है।

गांवों को जोड़ने वाला महत्वपूर्ण मार्ग

यह मार्ग आसपास के कई गांवों को सफीपुर क्षेत्र से जोड़ता है। रोजाना बड़ी संख्या में ग्रामीण, किसान, स्कूली बच्चे और वाहन चालक इसी रास्ते से आवागमन करते हैं। सड़क खराब होने के कारण लोगों को न केवल परेशानी का सामना करना पड़ रहा है, बल्कि वाहनों के क्षतिग्रस्त होने का खतरा भी बना हुआ है।

ग्रामीणों का कहना है कि सड़क की स्थिति लंबे समय से खराब होने के बावजूद जिम्मेदार विभाग द्वारा स्थायी समाधान नहीं कराया गया। लोगों ने लोक निर्माण विभाग से मार्ग का तत्काल निरीक्षण कराने, गहरे गड्ढों को भरने और सड़क की आवश्यकतानुसार मरम्मत अथवा पुनर्निर्माण कराने की मांग की है।

अधिकारियों से नहीं मिल सकी प्रतिक्रिया

सड़क की बदहाली के संबंध में जानकारी लेने के लिए जेई अखिल गंगवार से फोन पर संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन उन्होंने कॉल काट दी। वहीं एक्सईएन हरदयाल अहिरवार का मोबाइल बंद मिला। इसके चलते विभागीय अधिकारियों की ओर से मामले में कोई प्रतिक्रिया प्राप्त नहीं हो सकी।

ग्रामीणों ने प्रशासन और लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों से सड़क की स्थिति का स्थलीय निरीक्षण कराकर जल्द कार्रवाई की मांग की है। उनका कहना है कि समय रहते सड़क की मरम्मत नहीं कराई गई तो किसी बड़े हादसे के बाद जिम्मेदारी तय करने का कोई मतलब नहीं रह जाएगा।

Related Articles

Back to top button