कोरारी कलां गौशाला मामले में बड़ी कार्रवाई, ग्राम पंचायत सचिव संदीप मिश्रा निलंबित
उन्नाव। बिछिया ब्लॉक की ग्राम पंचायत कोरारी कलां में निराश्रित गोवंशों की मौत और मृत गोवंशों के समुचित निस्तारण में लापरवाही के मामले में प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई की है। जिला पंचायतराज अधिकारी ने ग्राम पंचायत सचिव संदीप मिश्रा को निलंबित कर दिया है। निलंबन अवधि में उन्हें बिछिया ब्लॉक कार्यालय से संबद्ध किया गया है। मामले की विस्तृत जांच के लिए अपर जिला पंचायतराज अधिकारी को जांच अधिकारी नामित किया गया है।

जंगल में मिले थे कई मृत गोवंश
बताया गया कि 14 अगस्त को कोरारी कलां के जंगल में एक दर्जन से अधिक निराश्रित गोवंश मृत पाए जाने का वीडियो वायरल हुआ था। मामला सामने आने के बाद प्रशासन ने इसे गंभीरता से लिया। जांच में ग्राम पंचायत सचिव और ग्राम पंचायत प्रशासक पर मृत गोवंशों के शवों का समय से समुचित निस्तारण न कराने तथा अपने पदीय दायित्वों के निर्वहन में लापरवाही बरतने का आरोप सामने आया।
मृत गोवंशों के निस्तारण में लापरवाही बनी कार्रवाई की वजह
जिला पंचायतराज अधिकारी के अनुसार शासनादेश में गौशालाओं में संरक्षित पशुओं के स्वास्थ्य परीक्षण की व्यवस्था है। किसी गोवंश की मृत्यु होने पर चिन्हित भूमि पर गड्ढा खुदवाकर शव को नियमानुसार दफनाने की जिम्मेदारी ग्राम पंचायत स्तर पर सचिव और प्रशासक की होती है। आरोप है कि इस व्यवस्था का समय से पालन नहीं किया गया।
स्थानीय स्तर पर यह भी सामने आया कि खुले में पड़े मृत गोवंशों के शवों को बाद में पुलिस की मौजूदगी में गड्ढा खुदवाकर दफन कराया गया। इसी मामले में सचिव संदीप मिश्रा को जिम्मेदार मानते हुए निलंबन की कार्रवाई की गई है।
जांच के बाद सामने आएगी पूरी तस्वीर
प्रशासन ने मामले की जांच अपर जिला पंचायतराज अधिकारी को सौंपी है। अब जांच में गौशाला में गोवंशों की मौत के कारण, उनके स्वास्थ्य और देखभाल की व्यवस्था तथा मृत पशुओं के निस्तारण में हुई लापरवाही समेत अन्य बिंदुओं की पड़ताल की जाएगी।
कोरारी कलां गौशाला प्रकरण में सचिव के निलंबन के बाद अब ग्रामीणों की नजर जांच रिपोर्ट और आगे होने वाली कार्रवाई पर टिकी है।
रिपोर्ट: ऋषभ तिवारी
ब्यूरो चीफ, दैनिक किसान मेल न्यूज़



