कर्तव्य के साथ इंसानियत की मिसाल बने एआरटीओ हरिओम,स्कूल बच्चों की सुरक्षा के लिए सीज किये ई-रिक्शा

कर्तव्य के साथ इंसानियत की मिसाल बने एआरटीओ हरिओम, चालान काटने के बाद सरकारी गाड़ी से बच्चों को पहुंचाया घर नियमों का पालन भी जरूरी और बच्चों की सुरक्षा भी सर्वोपरि—बदायूं में एआरटीओ हरिओम के संवेदनशील कदम ने पेश की मानवता की मिसाल।
बदायूं में एआरटीओ हरिओम गौतम ने स्कूल बच्चों की सुरक्षा के लिए ई-रिक्शा सीज किए। जब ई-रिक्शा सीज होने से बच्चे स्कूल नहीं पहुंच पाए, उन्होंने अपनी गाड़ी से बच्चों को भेजा। इस कार्रवाई में उन्होंने प्रशासनिक जिम्मेदारी के साथ संवेदनशीलता भी दिखाई।
नियमों को ताक पर रखकर नौनिहालों की जिंदगी दांव पर लगाने वाले वाहनों पर परिवहन विभाग ने शिकंजा कसा तो पांच ई-रिक्शा और स्कूल वाहनों को सीज किया गया। लेकिन इस कार्रवाई में सबसे खास रहा अधिकारी का मानवीय चेहरा। ई-रिक्शा सीज होने से बच्चों का सफर न थमे और पढ़ाई प्रभावित न हो, इसके लिए एआरटीओ ने अपनी गाड़ी से बच्चों को स्कूल पहुंचवाया। एक तरफ नियम तोड़ने वालों पर सख्त कार्रवाई, दूसरी तरफ मासूमों की मदद के लिए तत्परता.




